नोएडा एयरपोर्ट उद्घाटन: 5-स्तरीय सुरक्षा व्यवस्था के बीच 7000 सुरक्षाकर्मी तैनात


नोएडा इंटरनेशनल एयरपोर्ट के उद्घाटन समारोह को लेकर सुरक्षा व्यवस्था को पूरी तरह मजबूत कर दिया गया है। सुरक्षा तंत्र को पांच लेयर में विभाजित किया गया है, जिसमें लगभग 7000 पुलिसकर्मी और सुरक्षाबल तैनात किए गए हैं। यह व्यवस्था प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की यात्रा और कार्यक्रम की संपूर्ण सुरक्षा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से की गई है।
सुरक्षा व्यवस्था का विस्तार
प्रधानमंत्री मोदी की सुरक्षा के लिए पांच लेयर वाली अत्याधुनिक सुरक्षा प्रणाली लागू की गई है। इसमें पुलिस विभाग के 5000 अधिकारियों के साथ ही पीएसी, आरएएफ, सीआईएसएफ, एटीएस की टीमें भी निगरानी कर रही हैं। इसके अतिरिक्त एसपीजी और एनएसजी के कमांडो भी पीएम के चारों ओर रहेंगे। यह मजबूत सुरक्षा बंदोबस्त किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए तैयार है।
पांच लेयर सुरक्षा का आकलन
पहला घेरा: एसपीजी के बॉडीगार्ड, जिनके पास अत्याधुनिक हथियार होंगे और वे पीएम के सबसे करीब रहेंगे।
दूसरा घेरा: एसपीजी की दूसरी टीम, जो पहले घेरे की सुरक्षा करेगी।
तीसरा घेरा: एनएसजी के ब्लैक कैट कमांडो और विशेष कमांडो, जो आतंकी खतरे से निपटने के लिए तैयार हैं।
चौथा घेरा: अर्धसैनिक बल जैसे सीआरपीएफ और सीआईएसएफ।
पांचवा घेरा: स्थानीय पुलिस, जो कार्यक्रम स्थल और आस-पास के इलाके की निगरानी कर रही है।
सुरक्षा बढ़ाने के अन्य कदम
– यातायात पुलिस ने 15 पार्किंग स्थान बनाए हैं, जिनमें से पहले 12 थे, अब बढ़ाकर 15 कर दिए गए हैं।
– 4000 वाहनों की व्यवस्था की गई है।
– सीसीटीवी कैमरे और ड्रोन की मदद से निगरानी जारी है।
– सोशल मीडिया पर भी निगरानी रखी जा रही है, और भड़काऊ पोस्ट करने वालों पर तुरंत कार्रवाई की जाएगी।
– एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, फायर फोर्स जैसी आपातकालीन टीमें भी तैनात हैं।
– पुलिस ने पूरा कार्यक्रम स्थल नो-फ्लाइंग जोन घोषित कर दिया है, और डॉग स्क्वॉड भी तैनात है।
प्रधानमंत्री के सुरक्षा प्रबंधन को लेकर पुलिस उपायुक्त डॉ। प्रवीण रंजन ने बताया कि संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई का निर्देश है। पूरे कार्यक्रम के दौरान चौकसी और सतर्कता बरती जा रही है, ताकि कोई भी अप्रिय घटना न हो सके।






