Maharashtra Politics: पुणे में अजित और शरद पवार मिला सकते हैं हाथ; ठाकरे बंधुओं के गठबंधन से कांग्रेस भी सहमत


Maharashtra Politics: महाराष्ट्र में निकाय चुनाव में सभी राजनीतिक पार्टियों ने गठबंधन के लिए अपने विकल्प खुले रखे हैं। सत्ताधारी महायुति गठबंधन का हिस्सा अजित पवार के नेतृत्व वाली एनसीपी पार्टी, पुणे के निकाय चुनाव में शरद पवार की पार्टी एनसीपी एसपी के साथ गठबंधन कर सकती है। शरद पवार की बेटी सुप्रिया सुले ने भी इसके संकेत दिए हैं। उन्होंने कहा कि अजित पवार ने अभी तक विचारधारा नहीं छोड़ी है।
पुणे में गठबंधन के लिए बातचीत कर रहीं एनसीपी-एनसीपी एसपी
दोनों पार्टियों के साथ आने की खबरों पर जब एनसीपी एसपी नेता सुप्रिया सुले से बात की गई तो उन्होंने कहा, ‘बेशक, दोनों पार्टियां गठबंधन पर विचार कर रही है। अजित पवार बार-बार कहते रहे हैं कि उन्होंने अभी तक विचरारधारा नहीं छोड़ी है। फिलहाल हमारा ध्यान निकाय चुनाव में गठबंधन कर चुनाव लड़ने पर है। हमारे कई नेता इस संबंध में बातचीत कर रहे हैं।’ ठाणे में भी एनसीपी अकेले दम पर चुनाव लड़ सकती है। एनसीपी का कहना है कि ठाणे में महायुति के घटक दलों ने अभी तक उन्हें बातचीत के लिए आमंत्रित नहीं किया है।
एनसीपी प्रवक्ता आनंद परांजपे ने दावा किया है कि भाजपा और शिवसेना ने ठाणे में सीट बंटवारे पर बातचीत शुरू कर दी है लेकिन एनसीपी को बातचीत के लिए नहीं बुलाया गया है। परांजपे ने कहा कि उनकी पार्टी के जिलाध्यक्ष नजीब मुल्ला से अभी तक बातचीत के लिए न तो भाजपा और न ही शिवसेना ने संपर्क किया है। ऐसे में पार्टी ने अकेले दम पर ठाणे नगर निकाय चुनाव लड़ने का विकल्प भी खुला रखा है। हालांकि एनसीपी का ये भी कहना है कि अगर उन्हें सीट बंटवारे पर बातचीत के लिए बुलाया जाता है तो वे उसके लिए तैयार हैं। महाराष्ट्र के बीएमसी समेत 29 नगर निकाय में चुनाव के लिए 15 जनवरी को मतदान होगा। नामांकन प्रक्रिया शुरू भी हो गई है।
कांग्रेस भी पुणे में ठाकरे बंधुओं से हाथ मिला सकती है
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, कांग्रेस भी पुणे में उद्धव और राज ठाकरे से हाथ मिलाने की तैयारी कर रही है। गौरतलब है कि बीती 24 दिसंबर को उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवेसना यूबीटी और राज ठाकरे के नेतृत्व वाली मनसे ने बीएमसी चुनाव में गठबंधन का एलान किया था। उस समय महाराष्ट्र कांग्रेस के नेता विजय वडेट्टीवार ने कहा था कि ‘अगर दोनों भाईयों ने साथ आने का फैसला किया है तो हम इससे खुश हैं। हम उन्हें बधाई देते हैं, लेकिन कांग्रेस पार्टी कभी भी मनसे के साथ नहीं जुड़ेगी। हम शिवसेना यूबीटी और एनसीपी एसपी के साथ खड़े रहेंगे। महाराष्ट्र के लिए मराठी लोग क्या फैसला करते हैं, ये उन पर है।’
बीएमसी चुनाव के लिए भाजपा-शिवसेना में बनी सहमति
मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, भाजपा और एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना ने कथित तौर पर बीएमसी की 227 सीटों में से 200 सीटों पर सहमति बना ली है। बाकी बची 27 सीटों पर भी एक-दो दिनों में सहमति बनने की उम्मीद है। जिसके बाद महायुति गठबंधन के नेता सीट बंटवारे के फार्मूले की औपचारिक घोषणा के लिए एक प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित कर सकते हैं।





